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Motivational Musings poetry

रुमाल

जरूर किसी अनुशाशन प्रिय ने,
शुरू किया ये,
रुमाल का दौर,
भले छोटा हो इसका आकार,
इसके काम के हैं कई प्रकार।
कभी बीमारों के काम आए,
कभी रोते लोगों को चुपाये,
कभी बच्चों का खेल बन जाये।
भले छोटा हो इसका आकार,
काम आए सभी को हर बार।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

जो अपने पास है नहीं..

जो अपने पास है नही,
उसकी चाहत करते हो।
जो तुम्हारे पास है,
उससे क्यों दूर जाते हो,
आज पास है तो कदर करो।
कल किसी ने देखा नहीं तो,
कल के लिये क्यों रोते हो।
जो अपने पास है नही,
उसकी चाहत क्यों करते हो।
जो तुम्हारे पास है,
उससे क्यों डर जाते हो।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

लेखक की नज़र

लेखक की नजर से देखो,

तो कलम भी एक दोस्त नज़र आती है।

वरना दुनिया की नजर से तो,

पत्थर भी इंसान नज़र आते हैं।

      – मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

खुद को जानने में

खुद को जानने में,
सब कुछ भुला दो।
खुद को पहचानने में,
कोई देरी न करो।
खुद के साथ वक्त बिताना भी,
बहोत अच्छा होता है।
कभी कभी,
खुद के लिए कुछ करना भी,
अच्छा होता है।
भले खुद को जानने में,
सब कुछ भुला दो,
लेकिन खुद के लिए कुछ करना भी,
अच्छा होता है।

– मनीषा कुमारी

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Motivational poetry

नारी डर की सूरत नही….

नारी डर की सूरत नही,
सम्मान का जो पाठ पढ़ाये,
वैसी वो एक गुरु है।
कर्तव्ये से न भटको कभी,
ऐसा स्त्रियों ने सिखाया है।

– मनीषा कुमारी

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Motivational poetry

स्त्री एक पहचान

स्त्री एक पहचान,
उसे शक्ति का वरदान है,
वो खुद में ही महान है,
विश्वाश का सूत्र है,
वो रिश्तों का डोर है,
कमज़ोर का सहारा,
समझदारी की मूरत है।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

ये आसमाँ अकेला

ये आसमाँ अकेला,
सूरज अकेला है,
चाँद अकेला है,
दुनिया में हर कुछ एकलौता है,
बस जी रहे उम्मीद में,
की उनके पास काम है,
नही तो बिन काज,
लगते दुनिया से बेकार हैं।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings story

वाह! कम होती दुनिया बहोत है..

वाह! कम होती दुनिया बहोत है,
लोग कहते जीवन में,
मिठास थोड़ी कम है।
थोड़ी सी परेशानी से,
दुनिया बदल जाती है।
खुद को बदलने से,
वो कुछ बदल जाते हैं।
कुछ कहने से अच्छा,
लोग कहते हैं,
वाह! कम होती दुनिया बहोत है।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

कलम मुझे जानती है

कभी कलम मुझे लिखती है,
कभी मैं कलम से लिखती हूँ।
हर बात जानती वो भी है,
हर बात जानती मैं भी हूँ।
दुनिया की हर खुशी कम है,
उसके सामने,
जब सामने कागज़,
और हाँथ में कलम हो।

– मनीषा कुमारी

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Motivational Musings poetry

बस कवि सफल बन जाएं

विजेता घोषित होने पर
जैसा भी लगे,
बस कवि सफल बन जाये।
शब्दों के धनी हो,
और लेखन की हर कला हमे आजाये।
विजेता घोषित होने पर जैसा भी लगे,
बस कवि सफल बन जाये।
दिल की बात को यूँ सामने रखे,
भले दिल से आह निकले,
हमेशा हमे वाह वाह सुनाई दे।

– मनीषा कुमारी