Categories
Motivational

विश्वास

विश्वास एक ऐसी चीज़ है जो हमारे स्वभाव को जल्दी परिवर्तित कर सकती है। यह पूरी दुनिया विश्वास पर टिकी हुई है। अगर हमे किसी पर विश्वास नही है तो हम कभी – भी आगे नही बढ़ सकते। किसी पर विश्वास न होना हमारे स्वभाव को इतना चिरचिरा कर देता है कि वे अपना मानसिक संतुलन भी खो सकता है। कुछ परिस्थितियां ऐसी होती है जिसमे वह व्यक्ति तो दूसरों पर विश्वास करता है परंतु उसके साथ लोग इतना धोखदारी करते हैं कि उसका विश्वास दूसरों पर से बिल्कुल उठ चुका होता है। ऐसे लोंगों कुछ लोगों के परिजन भी होते है। जिससे कई लड़ाइया, मौतें होती हैं। वे सोचते हैं कि मैने अगर ऐसा नही किया तो वे उस चीज़ को तबाह कर देंगे इसलिए वे उस चीज को बचाने के लिए पहले से ही त्यारी करने लग जाते हैं जिससे उनके स्वभाव में चिरचिरेपन आ जाता है। चिचिरेपन के कारण उस व्यक्ति को कोई पसंद भी नही करता। 
स्वभाव में चिरचिराहट और किसी पर शंका करने मात्र से ही हमे कई तरह के मानसिक परिशनियाँ आती हैं जो हमे पूरी तरह से मानसिक रूप से बीमार कर सकता है। विश्वास न होने पर हमारे अंदर शक की भावना बेठ जाती है। हम हर किसी पर शक करने लगते है भले ही जो हम सोंच रहे हैं वैसा हो या न हो। हमे अपने मन में शक की भावना को नही पालना चाहिए हमे हमेशा, भले ही हम दूसरों पर भरोसा न करे लेकिन हमें आत्मविश्वाश होना चाहिए। जब हम खुद पर विश्वास करते हैं तभी हम हमारे लक्ष्य तक आसानी से पहुंच सकते हैं।
खुद पर विश्वास और लक्ष्य के प्रति संघर्ष करने का जज्बा हो तो हम कुछ भी कर सकते है। कई लोग जो दुनिया मे अकेले रहते है जिनका कोई नही है और जिसके पास कुछ भी नही है वे लोग भी सिर्फ विश्वास के दम पर ही आगे बढ़ते है। आत्मविश्वास पर चल कर आगे बढ़ने वाले कई महापुरुष रह चुके है। जो सिर्फ अपने ऊपर विश्वास रख कर और कड़ी मेहनत करके अपनी मंजिल को पाया है। यह बात हमे हमेशा याद रखनी चाहिए कि अगर सब कुछ कर सकते हैं तो हम सबकुछ कर सकते है। अगर हम सब कुछ सोंच सकते हैं तो हम सब कुछ करने की ताकत रखते हैं। एक तरह से हम आत्मविश्वास को सफलता की कुंजी कह सकते हैं।
कुछ लोगों में आत्मविश्वास बिल्कुल नही होता ऐसे लोग कभी – कभी खुदखुशी करने के बारे में भी सोंच लेते हैं जो कि एक गलत रास्ता है। वैसे तो खुदखुशी के बारे में हर एक इनसान अपनी जिंदगी में सोंच ही होगा चाहे वो आज कितनी ही ऊंचाइयों को छू रहा हो। लेकिन समय पे खुद को संभाल लेना भी एक कला है। इसलिए खुद पर विश्वास रखिए और आगे बढ़ने की कोशिश करिये। अपनी पसंद को अपनी पहचान बना कर देखो तुम्हे तुम्हारी मंजिल जरूर मिलेगी। यानी जो भी काम तुम्हे पसंद हो उसमे पूरी लगन से जुट जाओ और उसी में आगे बढ़ो। जब भी हम अपने पसंद का काम करते है तो हमे खुशी मिलती है । इससे लक्ष्य प्राप्ति आसान होगी और काम करने में खुशी भी मिलेगी लेकिन इससे पहले हमें दूसरों पर विश्वास न करके खुद पर विश्वाश करना होगा। क्यूँकि ज्यादातर लोग जो दूसरों पर भरोसा रखते है अंत मे पछताते है इसलिए एक तू खुद पर विश्वास रखना चाहिए और दूसरा भगवान पर विश्वास रखने चाहिए।

– मनीषा कुमारी

By Manisha

writing gives power to me

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s